रामगढ़। राधा गोविन्द विश्वविद्यालय के शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित व्याख्यान श्रृंखला का समापन 23 दिसंबर 2025 को सफलतापूर्वक किया गया। यह श्रृंखला 15 दिसंबर से संचालित थी, जिसका उद्देश्य शिक्षण प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी व व्यवहारिक बनाना रहा। समापन सत्र में मां विंध्यवासिनी शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. वीरेंद्र कुमार चौरसिया ने “बियॉन्ड टेक्स्टबुक: प्रैक्टिकल पेडागॉजी फॉर रियल क्लासरूम” विषय पर सारगर्भित व्याख्यान प्रस्तुत किया।
डॉ. चौरसिया ने शिक्षण प्रक्रिया में नवाचार, अनुभव आधारित अध्ययन एवं फॉर्मेटिव असेसमेंट की उपयोगिता पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तभी संभव है जब शिक्षण पद्धति व्यवहारिक और छात्र-केंद्रित हो।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति बी. एन. साह ने व्याख्यान श्रृंखला की सराहना करते हुए शिक्षा विभाग को बधाई दी और इसे शिक्षकों व विद्यार्थियों दोनों के लिए प्रेरणादायक बताया। वहीं विश्वविद्यालय की सचिव प्रियंका कुमारी ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा ही समाज की प्रगति का आधार है और इस दिशा में शिक्षा विभाग निरंतर उत्कृष्ट कार्य कर रहा है।
कुलपति प्रो. (डॉ.) रश्मि ने कहा कि इस प्रकार के अकादमिक कार्यक्रमों से विद्यार्थियों में नवचेतना का संचार होता है और विचारों का सकारात्मक आदान-प्रदान संभव होता है।
इस अवसर पर कुलसचिव प्रो. (डॉ.) निर्मल कुमार मंडल, वित्त एवं लेखा पदाधिकारी डॉ. संजय कुमार, परीक्षा नियंत्रक प्रो. (डॉ.) अशोक कुमार, प्रबंध समिति सदस्य अजय कुमार सहित शिक्षा विभाग के अनेक प्राध्यापक एवं प्रशिक्षु उपस्थित रहे।








