मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि राज्य सरकार ओबीसी वर्ग के सामाजिक, आर्थिक और शैक्षिक विकास के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री आवास में ओबीसी वेलफेयर पार्लियामेंट्री कमेटी के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात के दौरान उन्होंने यह बात कही।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ओबीसी संसदीय समिति सामाजिक न्याय और समावेशी विकास को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड सरकार ने ओबीसी समाज के कल्याण के लिए मजबूत विधिक और संस्थागत व्यवस्था विकसित की है, ताकि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।
सीएम धामी ने बताया कि प्रदेश में लगभग 90 जाति एवं उपजाति समुदाय ओबीसी सूची में शामिल हैं। इन सभी वर्गों के विकास और कल्याण के लिए सरकार विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की नीतियां और बजट गरीब, वंचित और कमजोर वर्गों के हितों को ध्यान में रखकर तैयार किए जाते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के अंतर्गत वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांग पेंशन जैसी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य समाज के हर वर्ग को मुख्यधारा से जोड़ना और आत्मनिर्भर बनाना है।
इस अवसर पर ओबीसी वेलफेयर पार्लियामेंट्री कमेटी के अध्यक्ष सांसद गणेश सिंह के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से विभिन्न विषयों पर चर्चा की। बैठक में सांसद विजय बघेल, डॉ. स्वामी सच्चिदानंद हरि साक्षी (साक्षी महाराज), विद्युत बरन महतो, रोडमल नागर, रमाशंकर विद्यार्थी राजभर, डॉ. अशोक कुमार यादव, गिरधारी यादव, मस्तान राव यादव बीड़ा, राजेंद्र गहलोत, शुभाशीष खूंटिया, मयंक कुमार नायक और डॉ. भीम सिंह भी मौजूद रहे।
बैठक में लोकसभा के संयुक्त सचिव अतुल आनंद, उप सचिव पुनीत भाटिया, मुख्यमंत्री के अपर सचिव मनमोहन मैनाली, पीएनबी के जोनल मैनेजर अनुपम सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।








