गुप्तकाशी। केदारनाथ यात्रा के दौरान बुजुर्गों और महिला श्रद्धालुओं को होने वाली परेशानी को देखते हुए एक सराहनीय पहल की गई है। केदारघाटी टैक्सी यूनियन सोनप्रयाग ने ऐसे यात्रियों के लिए 20 शटल वाहनों को विशेष रूप से आरक्षित किया है।
दरअसल, सोनप्रयाग से गौरीकुंड तक जाने के लिए शटल वाहनों में बैठने को लेकर अक्सर भगदड़ जैसी स्थिति बन जाती है। युवा यात्री धक्का-मुक्की कर सीट हासिल कर लेते हैं, जबकि बुजुर्ग और महिलाएं पीछे रह जाती हैं। इससे उन्हें लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है और कई बार देर से गंतव्य तक पहुंचना पड़ता है।
इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए यूनियन ने यह पहल शुरू की है, ताकि असहाय और कमजोर यात्रियों को प्राथमिकता मिल सके। यूनियन के अध्यक्ष अंकित गैरोला ने बताया कि यात्रा शुरू होने के बाद से लगातार यह शिकायत मिल रही थी कि बुजुर्ग और महिलाएं समय पर वाहन नहीं पकड़ पा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि कई बार देखा गया कि सक्षम और युवा यात्री जल्दबाजी में सीट ले लेते हैं, जिससे जरूरतमंद लोग पीछे छूट जाते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए 20 शटल वाहनों को विशेष रूप से आरक्षित किया गया है, ताकि इन यात्रियों को बिना किसी परेशानी के यात्रा सुविधा मिल सके।
इस पहल से केदारनाथ यात्रा में व्यवस्था सुधारने के साथ-साथ यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है। स्थानीय प्रशासन और अन्य संगठनों से भी अपेक्षा की जा रही है कि वे ऐसी व्यवस्थाओं को और मजबूत करें, ताकि यात्रा सुरक्षित और सुगम बन सके।








