देहरादून। NEET UG 2026 की परीक्षा इस वर्ष सफलतापूर्वक सम्पन्न हो गई। परीक्षा के बाद छात्रों और विशेषज्ञों की प्रारंभिक प्रतिक्रिया सामने आने लगी है, जिसमें प्रश्नपत्र के स्तर को लेकर अहम जानकारी दी गई है।
बलूनी क्लासेस के छात्रों—खुशी कंडियाल, अनुष्का नेगी, शुभम, सुजल उनियाल और प्रतिष्ठा कोटियाल—के अनुसार इस वर्ष का प्रश्नपत्र मुख्य रूप से एनसीईआरटी आधारित रहा। भौतिकी का पेपर कैलकुलेटिव और कॉन्सेप्चुअल दोनों तरह के प्रश्नों पर आधारित था और पिछले वर्ष की तुलना में अपेक्षाकृत आसान माना गया। इसमें लगभग 60 प्रतिशत सामान्य कैलकुलेशन, 30 प्रतिशत कॉन्सेप्चुअल और 10 प्रतिशत कठिन कैलकुलेटिव प्रश्न शामिल थे।
रसायन विज्ञान का पेपर भी छात्रों के लिए राहत भरा रहा, जिसमें पिछले साल की तुलना में आसान प्रश्न पूछे गए। हालांकि इसमें कैलकुलेटिव प्रश्नों की संख्या थोड़ी अधिक रही और ऑर्गेनिक, इनऑर्गेनिक तथा फिजिकल केमिस्ट्री से समान प्रश्न आए।
बायोलॉजी में सभी प्रश्न एनसीईआरटी से पूछे गए और पेपर का स्तर भी आसान रहा, लेकिन कुछ प्रश्न विस्तृत और विश्लेषणात्मक थे। स्टेटमेंट, मैचिंग और एनालिसिस आधारित प्रश्नों की संख्या अधिक देखने को मिली।
विशेषज्ञों के अनुसार, जिन छात्रों ने पूरे वर्ष ऑफलाइन माध्यम से तैयारी की थी, उन्हें ऑनलाइन तैयारी करने वालों की तुलना में बेहतर लाभ मिला है।
कटऑफ को लेकर अनुमान जताया गया है कि सामान्य वर्ग के लिए 85 प्रतिशत से अधिक, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस के लिए 80-85 प्रतिशत, एससी के लिए 55-65 प्रतिशत और एसटी के लिए 50-60 प्रतिशत तक जा सकता है। उत्तराखंड के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए 550 से अधिक अंक आवश्यक हो सकते हैं।
संस्थान के प्रबंध निदेशक विपिन बलूनी ने बताया कि नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए मेडिकल और इंजीनियरिंग की तैयारी हेतु नए बैच 5 और 26 मई से शुरू होंगे।








