देहरादून। पड़ोसी देश नेपाल में हाल के दिनों में बने राजनीतिक हालात को देखते हुए उत्तराखंड सरकार सतर्क मोड में आ गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज मुख्यमंत्री आवास से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सीमांत जिलों चंपावत, पिथौरागढ़ और उधम सिंह नगर के जिला प्रशासन, सशस्त्र सीमा बल (SSB) और पुलिस अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में नेपाल से सटी अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर सुरक्षा व्यवस्था की संपूर्ण स्थिति पर विस्तार से चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि नेपाल सीमा से लगे क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाया जाए और किसी भी असामाजिक या उत्पाती तत्व की गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी जाए। उन्होंने **सोशल मीडिया मॉनिटरिंग** को भी निरंतर और प्रभावी बनाने पर जोर दिया, ताकि अफवाह, भ्रामक सूचना या उकसाने वाले कंटेंट पर समय रहते कार्रवाई हो सके। धामी ने जिला प्रशासन से कहा कि केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों और SSB के साथ **लगातार समन्वय** में काम करें, जबकि सीमांत ग्रामीणों, स्थानीय ग्राम समितियों, पुलिस और वन विभाग को जोड़कर **सामुदायिक भागीदारी आधारित निगरानी** मजबूत की जाए।
सीएम ने सीमाओं से लगे **प्रवेश मार्गों की नियमित मॉनिटरिंग** और सीमा-पार आवागमन पर विशेष सतर्कता बरतने को कहा। उन्होंने भारत सरकार के सुरक्षा दिशा-निर्देशों का **कड़ाई से पालन** सुनिश्चित कराने और आवश्यकता पड़ने पर **अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती** के निर्देश भी दिए।
बैठक में सीमांत क्षेत्रों की **सुरक्षा चुनौतियां**, **खुफिया सूचना तंत्र** की मजबूती, **केंद्रीय एजेंसियों से तालमेल** और **जनभागीदारी** के विभिन्न आयामों पर गहन विचार-विमर्श हुआ। उद्देश्य स्पष्ट था—किसी भी आपात स्थिति या संभावित जोखिम को पहले ही पहचानकर **प्रो-एक्टिव रिस्पॉन्स** सुनिश्चित करना।
इस उच्चस्तरीय बैठक में राज्य के **मुख्य सचिव**, **पुलिस महानिदेशक (DGP)**, **प्रमुख सचिव (गृह)**, **एडीजी लॉ एंड ऑर्डर**, **एडीजी इंटेलिजेंस**, **कुमाऊं मंडलायुक्त**, **कुमाऊं परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक**, तथा **चंपावत, पिथौरागढ़ और उधम सिंह नगर** के **जिलाधिकारी** और **पुलिस अधीक्षक** समेत **SSB** के अधिकारी मौजूद रहे। सरकार का संदेश साफ है—सीमा सुरक्षा, जन-सुरक्षा और तथ्य-आधारित त्वरित कार्रवाई पर किसी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।








