रामगढ़: *रखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) अंतर्गत रामगढ़ जिला द्वारा दिनांक 21 जुलाई 2025 से 23 जुलाई 2025 तक सीएमटीसी, गोला में तीन दिवसीय आजीविका कृषि सखीयों का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में दुलमी प्रखंड के विभिन्न पंचायतों से कुल 29 आजीविका कृषि सखियाँ शामिल हुईं।
प्रशिक्षण सत्र में विषय विशेषज्ञ के रूप में प्रदान संस्था से एक अनुभवी रिसोर्स पर्सन एवं प्रखंड स्तरीय एफ़टीसी (FTC) द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण को प्रभावशाली बनाने हेतु प्रोजेक्टर एवं पीपीटी (PPT) के माध्यम से विषय-वस्तु को प्रस्तुत किया गया।
*प्रशिक्षण के मुख्य विषय: फसल चक्र एवं मिट्टी परीक्षण, खरीफ फसलों (धान, मक्का, अरहर) के लिए फसलवार POP (Package of Practices), जैविक एवं प्राकृतिक खेती की विधियाँ, बीज उपचार एवं नर्सरी तकनीक, पौध संरक्षण प्रबंधन (Integrated Pest Management) (IPM),नर्सरी के माध्यम से केला, पपीता, सहजन, नींबू आदि पौधों की तैयारियाँ एवं वितरण की प्रक्रिया
सत्र में बताया गया कि किस प्रकार से कृषि सखियाँ नर्सरी तैयार कर दीदी बाड़ी लाभुकों को पौधे वितरित कर सकती हैं। इसके अलावा, प्रशिक्षण के तीसरे दिन सभी कृषि सखियों द्वारा आगामी दो महीनों में किए जाने वाले कार्यों की रूपरेखा (एक्शन प्लान) तैयार की गई।
प्रशिक्षण की उपलब्धियाँ
कृषि सखियों ने फसलवार POP की बारीकियों को समझा और उन्हें अपने कार्यक्षेत्र में लागू करने की योजना बनाई, जैविक एवं प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने हेतु जागरूकता उत्पन्न हुई| प्रतिभागियों ने यह भी तय किया कि वे अपने-अपने गांवों में सखी मंडल की अन्य बहनों को प्रशिक्षण प्रदान करेंगी, ताकि दीदी बाड़ी, सामुदायिक खेती एवं पोषण सुरक्षा को बल मिल सके, ग्रामवार प्रशिक्षण की तिथियाँ निर्धारित की गईं जिससे प्रशिक्षण की निरंतरता बनी रहे।
JSLPS, रामगढ़ के इस प्रयास से आजीविका कृषि सखियों को न केवल तकनीकी जानकारी मिली, बल्कि उन्होंने अपने कौशल को निखारने एवं समुदाय में नेतृत्व की भूमिका निभाने के लिए भी प्रोत्साहन प्राप्त किया।









