देहरादून, 25 अगस्त। राजधानी देहरादून के चकराता रोड पर रविवार तड़के एक कपड़ों के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि गोदाम में रखा सारा माल जलकर राख हो गया और लाखों रुपये का नुकसान हो गया। हालांकि फायर ब्रिगेड की टीम ने कड़ी मशक्कत कर आग पर काबू पा लिया और बड़ी दुर्घटना टल गई।
पुलिस के मुताबिक सुबह करीब 4:27 बजे माउंट क्राफ्ट के कपड़ों के गोदाम से धुआं उठने लगा। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और गोदाम में रखे कपड़े और कपड़ों के थान जलने लगे। सूचना मिलते ही पुलिस और फायर यूनिट की टीम मौके पर पहुंच गई।
फायर यूनिट ने आग की गंभीरता को देखते हुए दो टीमों को लगाया। दोनों ओर से ऑपरेशन शुरू कर करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद लपटों पर काबू पा लिया गया। फायर विभाग के त्वरित एक्शन और सूझबूझ से आग ऊपर की मंजिल पर बने गोदाम और नीचे की तीन दुकानों तक नहीं फैल पाई, वरना नुकसान और भी ज्यादा हो सकता था।
फायर यूनिट के रेस्क्यू ऑपरेशन में लीडिंग फायरमैन संदीप यादव, ड्राइवर सुनील रावत, राकेश कुमार, सुदेश गिरी, दिवाकर, योगेश, प्रदीप सागर, शिवलाल, महिला फायरमैन संतोषी, शालिनी, विदुषी और कुंती सहित पूरी टीम शामिल रही। उनकी तत्परता से आग पर समय रहते नियंत्रण पाया जा सका।
फिलहाल आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस और अग्निशमन विभाग इसकी जांच में जुट गए हैं। प्रारंभिक आशंका है कि शॉर्ट सर्किट की वजह से यह हादसा हुआ हो सकता है। प्रशासन ने घटना के बाद आसपास के दुकानदारों और लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।
यह हादसा एक बार फिर इस बात की ओर इशारा करता है कि गोदामों और बाजार क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम जरूरी हैं, ताकि ऐसी घटनाओं में जन और धन की हानि को रोका जा सके।








