देहरादून। उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) परीक्षा के पेपर लीक मामले में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा सीबीआई जांच की संस्तुति करने पर भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता और बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने उनका आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने युवाओं के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है और उनके भरोसे को कायम रखा है।
हेमंत द्विवेदी ने कहा कि परीक्षा में एक केंद्र की घटना प्रथम दृष्टया नकल का मामला प्रतीत होती है, लेकिन इसे लेकर युवाओं में आक्रोश फैल गया। आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों ने सीबीआई जांच की मांग उठाई, जिसे मुख्यमंत्री ने धरना स्थल पर जाकर तुरंत स्वीकार किया। यह कदम दर्शाता है कि धामी सरकार युवाओं के साथ खड़ी है और उनकी मांगों को गंभीरता से ले रही है।
भाजपा प्रवक्ता ने बताया कि पिछले चार वर्षों में सरकार ने बिना किसी भेदभाव और गड़बड़ी के 25 हजार नौकरियां युवाओं को दी हैं। साथ ही देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून भी बनाया गया है, जिसके तहत सैकड़ों लोग जेल भेजे गए हैं। इसके बावजूद यदि किसी ने अपराध करने का प्रयास किया है तो दोषियों को कठोर दंड से बचाया नहीं जाएगा।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का यह स्पष्ट संदेश है कि युवाओं के सपनों को धूमिल करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पेपर लीक मामले में सरकार ने पहले ही हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज की निगरानी में एसआईटी गठित कर दी थी। साथ ही पारदर्शिता बनाए रखने के लिए एकल सदस्यीय आयोग का गठन भी किया गया है। अब सीबीआई जांच की संस्तुति होने के बाद युवाओं को निश्चित रूप से न्याय मिलेगा।
द्विवेदी ने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री की तत्परता और संवेदनशीलता को देखते हुए अब आंदोलन समाप्त होना चाहिए। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार युवाओं के भविष्य के साथ किसी भी कीमत पर खिलवाड़ नहीं होने देगी और निष्पक्ष भर्ती के लिए हर संभव कदम उठाएगी।








