पटना। उत्तर बिहार को आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ओर से एक बड़ी सौगात मिलने जा रही है। प्रधानमंत्री पूर्णिया हवाईअड्डे के नवनिर्मित टर्मिनल भवन का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही वे करीब 40 हजार करोड़ रुपये से अधिक की विकास योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास भी करेंगे। यह जानकारी बिहार के उप मुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सम्राट चौधरी ने दी।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी भागलपुर जिले के पीरपैंती में प्रस्तावित 3×800 मेगावाट की थर्मल पावर परियोजना का शिलान्यास करेंगे। साथ ही सुपौल और कटिहार जिलों में आई एंड डी तथा एसटीपी कार्यों की आधारशिला रखी जाएगी। पेयजल आपूर्ति को बेहतर बनाने के उद्देश्य से दरभंगा, भागलपुर और कटिहार में नई परियोजनाएं शुरू होंगी।
बिहार में रेल संपर्क को मजबूत बनाने के लिए विक्रमशिला से कटारेह तक नई रेल लाइन का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा लंबे समय से प्रतीक्षित कोसी-मेची अंतरदलीय लिंक परियोजना के पहले चरण की नींव भी प्रधानमंत्री रखेंगे।
इस यात्रा में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 35,000 ग्रामीण और 5,920 शहरी लाभार्थियों को गृह प्रवेश कराया जाएगा। वहीं, एनआरएलएम के तहत क्लस्टर लेवल फेडरेशनों को सामुदायिक निवेश फंड भी वितरित होगा।
रेल क्षेत्र में भी प्रधानमंत्री कई सौगातें देंगे। वे अररिया-गलगलिया रेलखंड पर ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। साथ ही जोगबनी-दानापुर वंदे भारत एक्सप्रेस, सहरसा-छेहरटा (अमृतसर) अमृत भारत एक्सप्रेस और जोगबनी-ईरोड अमृत भारत एक्सप्रेस को भी रवाना करेंगे।
गौरतलब है कि इससे पहले अगस्त में प्रधानमंत्री ने गंगा नदी पर औंटा-सिमरिया पुल का उद्घाटन कर उत्तर और दक्षिण बिहार को जोड़ने वाली अहम सड़क परियोजना जनता को समर्पित किया था। अब पूर्णिया एयरपोर्ट और मखाना बोर्ड की शुरुआत को उसी कड़ी में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
हालांकि प्रधानमंत्री मोदी के इस दौरे पर विपक्ष ने सवाल भी खड़े किए हैं। राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि “प्रधानमंत्री बार-बार बिहार आते हैं, लेकिन राज्य की असली समस्याओं पर चुप रहते हैं।”








