उत्तरकाशी: उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले के धराली क्षेत्र में भारी बारिश, भूस्खलन और बादल फटने के बाद हालात गंभीर बने हुए हैं। लगातार पांचवें दिन शनिवार को भी राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी रहा। आज सुबह 6 बजे से दोपहर 11 बजे तक कुल 202 लोगों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया।
प्रशासन के अनुसार, आज हर्षिल से मातली तक 95 और हर्षिल से चिन्यालीसौड़ तक 107 यात्रियों को एयरलिफ्ट किया गया। 7 से 9 अगस्त के बीच अब तक कुल 931 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है। 7 अगस्त को 372 और 8 अगस्त को 357 यात्रियों का सफल रेस्क्यू हुआ।
हर्षिल क्षेत्र में अब भी करीब 250 लोग फंसे हुए हैं, जिनमें 50 पर्यटक और 200 स्थानीय निवासी हैं। प्रशासन उन्हें जल्द ही मातली या जौलीग्रांट लाने की प्रक्रिया में जुटा है। हर्षिल में फंसे लोगों के भोजन और आवास की व्यवस्था की जा चुकी है।
यूकाडा के हेलीकॉप्टर, चीता हेलीकॉप्टर, चिनूक और सेना के जवान रेस्क्यू ऑपरेशन को तेज़ी से अंजाम दे रहे हैं। आज मौसम खराब होने से एयर लिफ्ट कुछ समय के लिए बाधित रहा, फिर भी कार्य रुकने नहीं दिया गया।
लिंचागाड़ में बैली ब्रिज के निर्माण का कार्य अंतिम चरण में है, जिसे आज शाम तक पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद हर्षिल तक सड़क मार्ग से पहुंचना संभव हो जाएगा।
रेस्क्यू के लिए GPR मशीन, केनाइन डॉग टीम, सेना और आपदा विशेषज्ञों की सहायता ली जा रही है। विद्युत आपूर्ति बहाल हो चुकी है और हर्षिल के पावर हाउस में बिजली उत्पादन शुरू हो गया है।
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र से मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन और अन्य वरिष्ठ अधिकारी अभियान की सतत निगरानी कर रहे हैं।








