उत्तराखंड की प्रसिद्ध चार धाम यात्रा इस वर्ष 19 अप्रैल से आरंभ होने जा रही है। यात्रा की तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं और प्रशासन के साथ-साथ मंदिर समिति भी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटी हुई है।
श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में राज्य सरकार यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए व्यापक स्तर पर कार्य कर रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री की बारामासी पर्यटन एवं तीर्थाटन की पहल का स्वागत करते हुए इसे राज्य के पर्यटन और धार्मिक अर्थव्यवस्था के लिए दूरदर्शी कदम बताया।
द्विवेदी ने जानकारी दी कि यात्रा के तहत 19 अप्रैल को गंगोत्री धाम और यमुनोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोले जाएंगे। इसके बाद 22 अप्रैल को केदारनाथ धाम तथा 23 अप्रैल को बदरीनाथ धाम के कपाट खोले जाएंगे।
उन्होंने बताया कि इस वर्ष श्रद्धालुओं में यात्रा को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। अब तक चार धाम यात्रा के लिए पंजीकरण का आंकड़ा 11 लाख के करीब पहुंच चुका है, जो यात्रा के प्रति लोगों की आस्था और उत्सुकता को दर्शाता है।
प्रशासन द्वारा यात्रा मार्गों की मरम्मत, स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता, सुरक्षा व्यवस्था और आवास सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं। वहीं बीकेटीसी भी मंदिर परिसरों में दर्शन व्यवस्था, साफ-सफाई और श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़े कार्यों को तेज़ी से पूरा कर रही है।
हेमंत द्विवेदी ने कहा कि राज्य सरकार और सभी संबंधित विभागों के समन्वित प्रयासों से इस वर्ष की यात्रा पहले से अधिक सुव्यवस्थित और सुरक्षित रहने की उम्मीद है, जिससे देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर अनुभव प्राप्त होगा।








