अब वह क्षेत्र में विकास और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए चुनावी मैदान में उतर चुके हैं
पौड़ी गढ़वाल: कोट ब्लाक के पंवाई क्षेत्र पंचायत सीट से प्रत्याशी आनंद सिंह नेगी ने रिवर्स पलायन कर न सिर्फ अपनी जिंदगी में बदलाव लाया, बल्कि अन्य युवाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर भी सृजित किए हैं। दिल्ली में लंबा समय बिताने के बाद आनंद नेगी ने अपने पैतृक क्षेत्र में लौटकर सेब के बागान की शुरुआत की और इसे सफलतापूर्वक चलाया। अब वह क्षेत्र में विकास और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए चुनावी मैदान में उतर चुके हैं।
आनंद नेगी का मानना है कि कोट ब्लाक को एक नई पहचान दिलाने के लिए वह चुनावी मैदान में उतरे हैं। उनका कहना है कि उन्होंने दिल्ली में समाजिक कार्यों में भी सक्रिय रूप से हिस्सा लिया और लंबे समय से अपने क्षेत्र में स्वरोजगार और सामाजिक कार्यों के लिए प्रतिबद्ध हैं।
स्वरोजगार की मिसाल
आनंद नेगी ने रिवर्स पलायन की बात करते हुए बताया कि जब वह दिल्ली में थे, तो वहां के विकास के साथ ही उन्होंने समाज के लिए बहुत से कार्य किए। लेकिन घर लौटने के बाद उन्होंने यहां स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए सेब के बागान की स्थापना की। इससे न सिर्फ उनके परिवार की आजीविका बनी, बल्कि कई अन्य युवाओं को भी रोजगार मिला।
आनंद नेगी की पत्नी ने इस बारे में बताते हुए कहा, “दिल्ली से लौटने के बाद आनंद ने गांव में स्वरोजगार की शुरुआत की। इसने न सिर्फ हमें आत्मनिर्भर बनाया, बल्कि क्षेत्र के अन्य युवाओं को भी प्रेरित किया। भविष्य में क्षेत्र को और अधिक विकसित करने का लक्ष्य है।“
चुनाव में उतरे हैं सेवा की भावना से
आनंद नेगी ने कहा कि अब वह कोट ब्लाक को नई दिशा देने के लिए चुनावी मैदान में उतरे हैं। उनका मुख्य उद्देश्य अपने क्षेत्र में स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, और सड़कों जैसी बुनियादी सुविधाओं का विकास करना है। उन्होंने कहा, “मैंने समाज के लिए कई काम किए हैं और अब जनप्रतिनिधि बनकर क्षेत्र की सेवा करना चाहता हूं। यदि मैं चुनाव जीतता हूं, तो कोट ब्लाक के गांवों में मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करूंगा।“
आनंद नेगी ने यह भी कहा कि वह कोट ब्लाक से ज्येष्ठ प्रमुख बनने की भी तैयारी कर रहे हैं, ताकि क्षेत्र के विकास में सक्रिय रूप से भागीदार बन सकें।
आधुनिक कृषि और रोजगार के अवसर
आनंद नेगी का मानना है कि स्वरोजगार को बढ़ावा देने से ही ग्रामीण क्षेत्रों में युवाओं को रोजगार के अवसर मिल सकते हैं। उन्होंने कहा, “हमारे गांवों में बहुत सी संभावनाएं हैं, बस जरूरत है तो उन्हें पहचानने की और एक ठोस दिशा देने की। मैंने खुद सेब के बागान स्थापित किया है, और भविष्य में इस तरह के और भी विकासशील कार्यों को शुरू करने की योजना है।“
उनका मानना है कि किसानों को आधुनिक कृषि के उपायों से जोड़ना चाहिए, जिससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हो, बल्कि युवाओं को भी कृषि के क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर मिल सकें।
कोट ब्लाक के लिए बड़े लक्ष्य
आनंद नेगी ने कहा कि उनका उद्देश्य केवल चुनाव जीतना नहीं, बल्कि कोट ब्लाक को एक नई पहचान दिलाना है। वह चाहते हैं कि उनके क्षेत्र में स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़कों और पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। उनका लक्ष्य है कि कोट ब्लाक के लोग किसी भी मामले में अन्य क्षेत्रों से पीछे न रहें।
उन्होंने यह भी कहा, “हमारे क्षेत्र में कई युवा हैं जो पलायन कर चुके हैं, लेकिन हम चाहते हैं कि उन्हें यहां पर रोजगार मिले, ताकि वे अपने घरों को छोड़ने के बजाय यहीं रहकर काम करें। हम न केवल उनके लिए रोजगार के अवसर देंगे, बल्कि उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए भी काम करेंगे।“








